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राजद में MLC सीट पर पेंच फंसा, सुनील सिंह और शिवचंद्र राम में मुकाबला, फैसला लेंगे लालू यादव

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माई पीडीए समाचार
द्वारा संपादित : KAJAL TIWARI | Fri, 05 Jun 2026 09:23 AM
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पटना: राजद में विधान परिषद की एक सीट के लिए उम्मीदवार चयन को लेकर अंदरूनी चर्चा तेज हो गई है। पार्टी में कई दौर की बातचीत के बाद भी अब तक किसी एक नाम पर सहमति नहीं बन सकी है। 


दावेदारों में पूर्व विधान पार्षद सुनील कुमार सिंह और वरिष्ठ नेता शिवचंद्र राम का नाम सबसे आगे चल रहा है। पार्टी का अंतिम फैसला राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव पर टिका है।


राबड़ी और तेजस्वी की अलग-अलग राय  

सूत्रों के मुताबिक, इस सीट को लेकर पार्टी में दो राय सामने आ रही हैं। पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी सुनील कुमार सिंह के नाम का समर्थन कर रही हैं। वहीं नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव सामाजिक समीकरणों को देखते हुए शिवचंद्र राम को मौका देने के पक्ष में बताए जा रहे हैं।


सुनील सिंह लंबे समय से संगठन और नेतृत्व के करीबी माने जाते हैं। विधान परिषद में भी उनकी सक्रिय भूमिका रही है, जिससे उनके समर्थकों को लगता है कि उन्हें फिर से मौका मिलना चाहिए। 


वहीं शिवचंद्र राम के नाम पर भी गंभीर मंथन चल रहा है। पार्टी में चर्चा है कि अनुसूचित जाति समुदाय से आने वाले नेता को उम्मीदवार बनाने से आगामी चुनावी समीकरणों में फायदा हो सकता है। तेजस्वी यादव सामाजिक न्याय और व्यापक प्रतिनिधित्व को ध्यान में रखकर इस विकल्प पर जोर दे रहे हैं।


अंतिम फैसला लालू यादव का  

हालांकि संगठन के फैसले अब तेजस्वी यादव के नेतृत्व में हो रहे हैं, लेकिन उम्मीदवार चयन जैसे अहम मामलों में लालू यादव की राय को अंतिम माना जाता है। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं का कहना है कि बड़े राजनीतिक फैसले पर उनकी मंजूरी के बाद ही सहमति बनती है।


लालू यादव फिलहाल स्वास्थ्य जांच के लिए सिंगापुर में हैं। जानकारी के अनुसार नामांकन से पहले उनके पटना लौटने की संभावना है। उनके लौटने के बाद राबड़ी आवास पर परिवार और वरिष्ठ नेताओं की बैठक हो सकती है, जिसमें नाम पर मुहर लगेगी।


AIMIM की भूमिका भी अहम  

विधान परिषद चुनाव को दिलचस्प बनाने में AIMIM का रुख भी अहम हो सकता है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि महागठबंधन को सदन में अतिरिक्त समर्थन की जरूरत पड़ सकती है। ऐसे में AIMIM की भूमिका नतीजे को प्रभावित कर सकती है। 


अब सबकी नजर लालू यादव की वापसी और उनके अंतिम फैसले पर है, जो तय करेगा कि इस सीट पर राजद का चेहरा कौन होगा।

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