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प्रशांत किशोर ने छोड़ा पटना आवास, अब बिहटा के जन सुराज आश्रम में रहेंगे...

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माई पीडीए समाचार
द्वारा संपादित : KAJAL TIWARI | Thu, 21 May 2026 10:52 AM
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जन सुराज पार्टी के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने पटना स्थित अपना आवास छोड़ दिया है। अब उनका ठिकाना पटना के बिहटा में बना जन सुराज आश्रम है। बुधवार को दरभंगा दौरे के दौरान खुद प्रशांत किशोर ने इसकी जानकारी दी।


बिहार नवनिर्माण अभियान के तहत प्रशांत किशोर लगातार जिलों का दौरा कर संगठन के नेताओं और कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर रहे हैं। इसी क्रम में वे दूसरी बार दरभंगा पहुंचे। लहेरियासराय के पोलो ग्राउंड नेहरू स्टेडियम में उन्होंने जिले की सभी सांगठनिक इकाइयों के साथ बैठक की।


बैठक के दौरान बिहार की नवनिर्वाचित सरकार के छह महीने पूरे होने पर सवाल पूछे जाने पर प्रशांत किशोर ने कहा कि उन्होंने कल ही पटना का आवास छोड़कर बिहटा के आश्रम में शिफ्ट कर लिया है। उन्होंने कहा कि जब तक बिहार में बदलाव नहीं हो जाता, वे वहीं रहेंगे। उनके मुताबिक सरकार में सिर्फ चेहरा बदला है, लेकिन बिहार की समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं। चुनाव में जो मुख्यमंत्री का चेहरा बने, वे खुद पलायन कर गए, लेकिन पलायन की समस्या में कोई सुधार नहीं हुआ।


प्रशांत किशोर ने कहा कि एक करोड़ नौकरी देने का वादा किया गया था, लेकिन छह महीने बाद भी स्थिति नहीं बदली। युवाओं और छात्रों पर लाठी चलाने की परिपाटी भी वैसी ही है। उन्होंने आरोप लगाया कि नेताओं ने पहले ही अपने बच्चों का भविष्य सुरक्षित कर लिया है। नेता का बेटा चाहे पढ़ा-लिखा हो या अनपढ़, आगे बढ़ेगा, जबकि बिहार के पढ़े-लिखे युवा बेरोजगार और मजदूर बने रहेंगे।


पीके ने कहा कि जब तक लोग शिक्षा और रोजगार के मुद्दे पर वोट नहीं करेंगे, तब तक बिहार में पेपर लीक और भ्रष्टाचार नहीं रुकेगा। उन्होंने कहा कि लोग 10 हजार रुपये में वोट बेच देते हैं और बाद में पेट्रोल-डीजल पर 10 रुपये ज्यादा देते हैं।


बैठक में किशोर कुमार मुन्ना, प्रो. रामबली चंद्रवंशी, जितेंद्र मिश्रा, सरवर अली, ललन यादव, रत्नेश्वर ठाकुर, निर्मल मिश्रा, मुमताज अंसारी, अनूप मैथिल समेत कई नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

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