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तेजस्वी यादव का सम्राट चौधरी पर हमला, 'चुनी हुई नहीं, चुनी गई सरकार'

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माई पीडीए समाचार
द्वारा संपादित : KAJAL TIWARI |
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पटना: बिहार की राजनीति में एक बार फिर बयानबाज़ी तेज हो गई है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने राज्य की नई सरकार और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने सरकार के गठन से लेकर नीतियों तक कई मुद्दों पर सवाल उठाते हुए इसे “चुनी हुई नहीं, बल्कि चुनी गई सरकार” करार दिया है।


तेजस्वी यादव ने कहा कि बिहार में “इलेक्टेड मुख्यमंत्री को हटाकर सिलेक्टेड मुख्यमंत्री बनाया गया है।” उन्होंने व्यंग्यात्मक अंदाज में सम्राट चौधरी को बधाई देते हुए कहा कि “जो इन लोगों ने कहा था, वह कर दिखाया।” उन्होंने सरकार से काम करने की मांग भी की और कहा कि अब जनता को अपने परिणाम चाहिए, न कि सिर्फ बयान।


तेजस्वी यादव ने राज्य की बुनियादी समस्याओं को उठाते हुए बिजली दरों में बढ़ोतरी, महिलाओं के लिए योजनाओं की स्थिति और प्रशासनिक फैसलों पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि “बिजली इतनी महंगी क्यों है? महिलाओं को लेकर क्या ठोस फैसले लिए गए हैं?” उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार के पास स्पष्ट नीति और दिशा का अभाव है।


पीएमओ (प्रधानमंत्री कार्यालय) के हस्तक्षेप को लेकर भी उन्होंने निशाना साधा। तेजस्वी यादव ने कहा कि “अब सुनने में आ रहा है कि सब कुछ पीएम ने ही तय किया। हम पहले से कहते आ रहे थे कि यही होगा, और अब वही हो रहा है।” शराबबंदी कानून को लेकर भी उन्होंने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर तंज कसा। जब सम्राट चौधरी ने कहा कि राज्य में शराबबंदी कानून जारी रहेगा, तो तेजस्वी ने जवाब दिया कि “इसकी कहानी सुनाने की क्या जरूरत है? आप काम करके दिखाइए। आप सिलेक्टेड मुख्यमंत्री हैं, अब प्रदर्शन कीजिए।”


तेजस्वी यादव ने यह भी आरोप लगाया कि पांच राज्यों के चुनाव के दौरान राजनीतिक लाभ लेने के लिए महिला आरक्षण बिल को लाने की कोशिश की गई। उन्होंने कहा कि “यह सब एक सोची-समझी रणनीति के तहत किया गया, ताकि जल्दबाजी में संविधान संशोधन कराया जा सके।”


अंत में उन्होंने जोर देकर कहा कि लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के लिए ऐसे कदमों का विरोध जरूरी है। उन्होंने सरकार से मांग की कि वह पारदर्शिता के साथ काम करे और जनता के मुद्दों पर ध्यान दे, न कि सिर्फ राजनीतिक रणनीतियों पर।

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